नोटबंदी पर केंद्र और आरबीआई को नोटिस
   Date13-Oct-2022

df9
स्वससे ठ्ठ नई दिल्ली
उच्चतम न्यायालय ने नोटबंदी पर केंद्र सरकार और भारतीय रिजर्व बैंक को नोटिस जारी किया है। 5 न्यायाधीशों की संवैधानिक पीठ ने 9 नवंबर तक यह बताने को कहा है कि किस कानून के तहत 1000 और 500 रुपए के नोट बंद किए गए थे। न्यायालय ने सरकार और आरबीआई को हलफनामे में अपना जवाब देने को कहा है।
याचिकाकर्ताओं की दलील है कि भारतीय रिजर्व बैंक अधिनियम की धारा 26 (2) किसी विशेष मूल्यवर्ग के करेंसी नोटों को पूरी तरह से रद्द करने के लिए सरकार को अधिकृत नहीं करती है। धारा 26 (2) केंद्र को एक खास सीरीज के करेंसी नोटों को रद्द करने का अधिकार देती है, न कि संपूर्ण करेंसी नोटों को। अब इसी का जवाब सरकार और आरबीआई को देना है।
उच्चतम न्यायालय में इससे पहले 28 सितंबर को पांच न्यायाधीशों की पीठ ने इस मामले में सुनवाई की थी। तब पीठ ने यह कहकर कार्यवाही को टाल दिया था कि न्यायालय के पास और भी कई महत्वपूर्ण और अधिकारों से जुड़े मामले हैं। सुनवाई के दौरान पीठ ने कहा कि न्यायालय पहले इस बात की जांच करेगी कि क्या नोटबंदी को चुनौती एकेडमिक बन गई है?
2016 में सरकार के फैसले के खिलाफ विवेक शर्मा ने याचिका दाखिल कर सरकार के फैसले को चुनौती दी। इस पर सुनवाई करते हुए मुख्य न्यायाधीश ने कहा था, हम आर्थिक नीति में दखल नहीं देना चाहते, लेकिन हमें लोगों को हो रही असुविधा की चिंता है। उन्होंने सरकार से इस मसले पर एक हलफनामा दायर करने को कहा था।