मुख्यमंत्री ने हवाई दौरा कर ग्रामों का जायजा लिया
   Date05-Aug-2021

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मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान ने हवाई दौरा कर बाढ़ प्रभावित ग्रामों का जायजा लिया। मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में अतिवृष्टि और बाढ़ से शिवपुरी, श्योपुर, दतिया, ग्वालियर, गुना, भिंड और मुरैना जिलों के कुल 1225 ग्राम प्रभावित हैं। अब तक श्योपुर जिले के 32 गांवों से 1500 लोगों को सुरक्षित निकाला जा चुका है। इसी प्रकार शिवपुरी के 90 गांवों से 2000 और दतिया, ग्वालियर, मुरैना, भिंड के 240 गांवों से एसडीईआरएफ, एनडीईआरएफ, आर्मी तथा बीएसएफ ने मिलकर लगभग 5,950 लोगों को सुरक्षित निकालने में सफलता प्राप्त की है। अभी तक की जानकारी के अनुसार 1950 लोगों को निकालने के प्रयास जारी हैं। खराब मौसम के कारण कल एयर फोर्स के हेलिकॉप्टर को बचाव कार्य में कठिनाई आ रही थी। आज फिर हेलीकॉप्टरों ने बचाव कार्य शुरू किया है।
मुख्यमंत्री चौहान स्मार्ट पार्क में मीडिया के प्रतिनिधियों से प्रदेश के ग्वालियर-चंबल संभाग में जारी अति वृष्टि और बाढ़ की स्थिति के संबंध में बातचीत कर रहे थे।
श्योपुर जिले में संचार व्यवस्था ठप
मुख्यमंत्री ने कहा कि शिवपुरी और श्योपुर में कल तक ही लगभग 800 मिली मीटर बारिश हो चुकी है। यह अप्रत्याशित स्थिति है। श्योपुर जिले में संचार व्यवस्था पूरी तरह से ठप हो चुकी है। दूरसंचार मंत्रालय से बात कर व्यवस्थाएं पुन: स्थापित करने के प्रयास किए जा रहे हैं। गुना-शिवपुरी के बीच रेल सेवा बंद है। अधोसंरचना को बहुत नुकसान पहुंचा है, पर राहत की बात यह है कि बचाव कार्य निरंतर जारी है। प्रभावितों की जिन्दगी बचाने में हमें सफलता मिली है।
जिला प्रशासन के साथ एनडीईआरएफ, एसडीईआरएफ और सेना सक्रिय
मुख्यमंत्री ने कहा कि एनडीईआरएफ की 3 टीमें पहले से बचाव कार्य में लगी थीं, दो टीमें और आ रही हैं। आर्मी के चार कॉलम और एसडीईआरएफ की 70 से अधिक टीमें जिला प्रशासन के साथ बचाव कार्य में लगी हुई हैं। अब तक एयरफोर्स के चार हेलिकॉप्टर ग्वालियर में और एक शिवपुरी में बचाव कार्य में लगा हुआ है।
मुख्यमंत्री ने दी जिलेवार जानकारी
-ग्वालियर में 46 गांव प्रभावित हैं, 17 रेस्क्यू स्थल बनाए गए हैं और तीन हजार लोगों को राहत शिविरों में रखा गया है।
-दतिया में सेना पहुंच गई है। जिले के 36 गांव प्रभावित हैं, 18 रेस्क्यू स्थल बनाए गए हैं, लगभग 1100 लोगों को रेस्क्यू किया जा चुका है। यहां मंदिर में फंसे पुजारी को मोटर वोट भेज कर बचा लिया गया है। सभी मुख्य मार्ग बंद हैं। एनएच-3 भी सुरक्षा की दृष्टि से बंद किया गया है। रतनगढ़ का पुल क्षतिग्रस्त हुआ है।
-शिवपुरी में 22 गांव प्रभावित हुए हैं। बचाव कार्य जारी है, 801 लोगों को सुरक्षित निकाल लिया गया है।
- श्योपुर में ज्वालापुर, खेरावत, मेवाड़ा और जाटखेड़ा गांव पूरी तरह से पानी से घिरे हुए थे। यहां जल स्तर घट रहा है। सेना गांवों तक पहुंचने की कोशिश कर रही है। पानी अधिक होने और पुलों के क्षतिग्रस्त होने के कारण सेना को रास्ता बनाते हुए आगे बढऩा पड़ रहा है। लेकिन लोग सुरक्षित हैं। जल स्तर घट रहा है। जीवन को खतरा नहीं है।
राहत कैंप और भोजन व्यवस्था के लिए कार्य जारी
मुख्यमंत्री ने कहा कि राहत के लिए कैंप और भोजन व्यवस्था की जा रही है। मैं निरंतर केंद्र सरकार के संपर्क में हूं। प्रधानमंत्री श्री मोदी से आज भी फोन पर चर्चा हुई है। उन्हें स्थिति से अवगत कराया गया है। गृहमंत्री श्री अमित शाह से भी चर्चा हुई है। केंद्र के सहयोग से ही लोगों को एयर लिफ्ट करने की व्यवस्था बन पाई है। प्रधानमंत्री श्री मोदी के सहयोग के कारण ही सेना को भी तत्काल बुलाना संभव हो पाया। बचाव और राहत का हर संभव प्रयास जारी है।