bhopal
   Date24-Aug-2021

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भोपाल ठ्ठ 23 अगस्त (ब्यूरो)
राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहा है कि विद्यार्थियों में उद्यमिता की भावना को मजबूत बनाएं। उनमें आत्मनिर्भरता के संस्कार विकसित किए जाएं। व्यवसायिक शिक्षा परिणाममूलक होनी चाहिए। कृषि, पशुपालन और उद्योगों की आवश्यकताओं और समस्याओं के समाधान के कार्य विश्वविद्यालयों द्वारा किए जाने चाहिए। उन्होंने कहा है कि सार्थक शिक्षा के लिए वर्तमान आवश्यकताओं के साथ ही भविष्य की जरूरतों के साथ तालमेल करते रहना जरूरी है। शिक्षण संस्था का क्षेत्र के विकास में क्या योगदान है, इस आधार पर कार्यों की समीक्षा की जानी चाहिए। उन्होंने मल्टी एक्जिट और मल्टी इंट्री की व्यवस्थाओं के लिए कोर्स माड्यूल को पुनर्निर्धारित करने की जरूरत बताई है।
राज्यपाल श्री पटेल आज राजभवन में राजीव गांधी प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय भोपाल, नानाजी देशमुख पशु विज्ञान विश्वविद्यालय जबलपुर, राजमाता विजयाराजे सिंधिया कृषि विश्वविद्यालय ग्वालियर और जवाहरलाल नेहरू कृषि विश्वविद्यालय जबलपुर की अलग-अलग सत्रों में समीक्षा कर रहे थे।
कृषकों के बीच पहुंचे कृषि विशेषज्ञ और छात्र-राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहा कि हमारा देश खेती प्रधान है। देश के विकास के लिए खेती की गुणवत्ता जरूरी है। कृषि विश्वविद्यालय के विशेषज्ञ, विद्यार्थियों को किसानों के बीच पहुंचना होगा। उन्होंने कहा कि व्यवहारिक और सैद्धांतिक ज्ञान में अंतर होता है। प्रगतिशील किसानों के अनुभवों को विद्यार्थियों के साथ साझा करने के साथ ही विद्यार्थियों, विशेषज्ञों को गांव में जाकर किसानों के पास उपलब्ध संसाधनों के आधार पर बेहतर उपयोग के लिए मार्गदर्शन और प्रेरणा देनी चाहिए। उनके बीच नवीन जानकारियों की उपयोगिता और आर्थिक लाभ बताते हुए उपयोग के लिए प्रोत्साहित करना चाहिए।