चिंताजनक : दुनिया में वुहान जैसी 59 प्रयोगशालाएं
    Date06-Jun-2021

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वायरस फैलने जैसे हादसों का बढ़ रहा खतरा
लंदन द्य 5 जून (वा)
चीन की वुहान लैब की तरह दुनिया में ऐसी 59 प्रयोगशालाएं अस्तित्व में हैं। जानकारों का मानना है कि इन प्रयोगशालाओं की ज्यादा संख्या से वायरस के फैलने का डर भी ज्यादा बना रह सकता है। पश्चिमी देशों में ये मुद्दा इन दिनों जोर-शोर से उठा है कि क्या कोविड-19 वायरस चीन में वुहान की एक प्रयोगशाला से लीक होकर सारी दुनिया में फैला? अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन ने अपने देश की खुफिया एजेंसियों को इस बारे में 90 दिन के अंदर जांच कर रिपोर्ट देने को कहा है, लेकिन वैज्ञानिकों के एक पक्ष का कहना है कि वायरस के बारे में अनुसंधान दुनियाभर में चलते हैं। वहां हादसे भी होते रहते हैं, इसलिए अगर ऐसा वुहान में भी हुआ होगा, तो उसे महज एक दुर्घटना ही समझा जाना चाहिए।
मशहूर ब्रिटिश अखबार द फाइनेंशियल टाइम्स ने शुक्रवार को एक रिपोर्ट प्रकाशित की, जिसमें बताया गया है कि दुनिया में कम से कम ऐसी 59 प्रयोगशालाएं या तो इस समय मौजूद हैं या बन रही हैं। वहां खतरनाक जैविक अनुसंधान किए जाते हैं या भविष्य में किए जाएंगे।
इस रिपोर्ट के मुताबिक पिछले एक दशक में ऐसी प्रयोगशालाओं की संख्या तेजी से बढ़ी है। रिपोर्ट के मुताबिक अभी मौजूद या बन रही प्रयोगशालाएं 23 देशों में हैं, जिनमें ब्रिटेन, अमेरिका, चीन, भारत, गैबॉन और आइवरी कोस्ट शामिल हैं। वुहान की प्रयोगशाला भी इन्हीं 59 प्रयोगशालाओं में एक है।
जॉर्ज मैसॉन यूनिवर्सिटी में बायोडिफेंस के प्रोफेसर ग्रेगरी कोबलेन्त्ज और लंदन स्थित किंग्स कॉलेज में प्रोफेसर फिलिपा लेंतोज ने इन प्रयोगशालाओं के बारे में अध्ययन किया है। उनके मुताबिक जिन 42 प्रयोगशालाओं के बारे में आंकड़े मौजूद हैं, उनमें से आधी पिछले एक दशक में तैयार हुई हैं।
लेंतोज ने कहा- 'इस तरह के जितने काम हो रहे हैं, उतने अधिक हादसे होंगे।Ó अमेरिका की रुटगर्स यूनिवर्सिटी में केमिकल बायोलॉजी के प्रोफेसर रिचर्ड एब्राइट ने फाइनेंशियल टाइम्स से कहा- 'जितने अधिक संस्थान होंगे और जितने अधिक संख्या में व्यक्ति उन खतरनाक जीवाणुओं के संपर्क में आएंगे, खतरा उतना ज्यादा बढ़ेगा।Ó