वैक्सीनेट लोगों के संक्रमित होने की वजह कोरोना का यह स्ट्रेन
   Date11-Jun-2021

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डेल्टा वैरिएंट पर एआईआईएमएस का अध्ययन
नई दिल्ली ठ्ठ 10 जून (ए)
कोरोना वैक्सीन लगवा चुके लोगों के संक्रमित होने की खबरों के बीच दिल्ली एआईआईएमएस ने एक अध्ययन किया है। अध्ययन में कहा गया है कि वैक्सीन लगवा चुके लोगों में संक्रमण के ज्यादातर मामलों के पीछे कोरोना वायरस का डेल्टा वैरिएंट (बी.1.617.2) है। कोरोना का यह स्ट्रेन वैक्सीन की सिंगल या डबल डोज लगवा चुके लोगों को भी संक्रमित कर रहा है। हालांकि राहत की बात यह रही कि ज्यादातर लोगों में सिर्फ तेज बुखार जैसे लक्षण दिखे। किसी को भी गंभीर बीमारियों से नहीं जूझना पड़ा।
दोनों वैक्सीन लगवा चुके लोगों में वायरल लोड ज्यादा-स्टडी रिपोर्ट के मुताबिक रिसर्च के दौरान सभी मरीजों में वायरल लोड काफी ज्यादा था, फिर चाहे उन्होंने वैक्सीन का सिंगल डोज लिया हो या दोनों डोज। कोविशील्ड और कोवैक्सीन दोनों ही वैक्सीन लगवाने वालों में वायरल लोड का स्तर काफी ज्यादा पाया गया।
यह है डेल्टा वैरिएंट?-भारत में कोरोना की दूसरी लहर के पीछे कोरोना वैरिएंट बी.1.167.2 ही था। यह सबसे पहले भारत में ही पाया गया था। अक्टूबर 2020 इसका पता चला था। वल्र्ड हेल्थ ऑर्गेनाइजेशन (डब्ल्यूएचओ) ने इस वैरिएंट को डेल्टा वैरिएंट नाम दिया गया था। ये स्ट्रेन अब तक दुनिया के करीब 53 देशों में मिल चुका है।