प्रधानमंत्री ने गुजरात में किया किसान सूर्योदय योजना सहित 3 मुख्य परियोजनाओं का उद्घाटन
   Date25-Oct-2020

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नई दिल्ली द्य 24 अक्टूबर (वा)
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को अपने गृह राज्य गुजरात में 3 प्रमुख परियोजनाओं का वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उद्घाटन किया। उन्होंने अहमदाबाद में यूएन मेहता पीडिएट्रिक हार्ट हॉस्पिटल, किसान सूर्योदय योजना और गिरनार पर्वत पर एशिया के सबसे लंबे मंदिर रोपवे का उद्घाटन किया।
गिरनार में यह रोपवे श्रद्धालुओं व पर्यटकों को 2.3 किलोमीटर की दूरी केवल 7.5 मिनट में तय कर माउंट गिरनार की चोटी तक पहुंचने में सक्षम करेगा। इसके एक फेरे में 192 यात्री जा सकेंगे। वहीं राज्य सरकार ने 'किसान सूर्योदय योजनाÓ के जरिए 2023 तक पारेषण अवसंरचना स्थापित करने के लिए 3500 करोड़ रुपए का बजट आवंटित किया है। 2020-21 के लिए दाहोद, पाटन, महिसागर, पंचमहल, खेड़ा, तापी, वलसाड, छोटा उदयपुर, आनंद और गिर-सोमनाथ को योजना के तहत शामिल किया गया है। बाकी जिलों को 2023 तक चरणबद्ध तरीके से कवर किया जाएगा। साथ ही अहमदाबाद के सिविल अस्पताल में टेली-कार्डियोलॉजी के लिए एक मोबाइल एप्लीकेशन की शुरुआत की। यूएन मेहता इंस्टीट्यूट ऑफ कार्डियोलॉजी का 470 करोड़ रुपए की लागत से विस्तार किया जा रहा है।
संबोधन की मुख्य बातें
ठ्ठगिरनार पर्वत पर मां अंबे भी विराजती हैं, गोरखनाथ शिखर भी है, गुरु दत्तात्रेय का शिखर है और जैन मंदिर भी है। यहां की सीढिय़ां चढ़कर जो शिखर पर पहुंचता है, वो अद्भुत शक्ति और शांति का अनुभव करता है। अब यहां विश्व स्तरीय रोपवे बनने से सबको सुविधा मिलेगी, दर्शन का अवसर मिलेगा।
ठ्ठदेश में आज अन्नदाता को ऊर्जादाता बनाने के लिए भी काम किया जा रहा है। कुसुम योजना के तहत किसानों, एफपीओ, कॉपरेटिव, पंचायत जैसे हर संस्थान को बंजर जमीन पर सोलर प्लांट लगाने के लिए सहायता दी जा रही है।
ठ्ठकोरोना महामारी शुरू होने से पहले 45 लाख से अधिक लोगों ने स्टैच्यू ऑफ यूनिटी का दौरा किया था। अब यह फिर से खुल गया है और पर्यटकों की संख्या तेजी से बढ़ रही है।
ठ्ठअभी आपने भी देखा है शिवराजपुर बीज को अंतरराष्ट्रीय पहचान मिली है, ब्लू फ्लैग सर्टिफिकेशन मिला है। ऐसे स्थलों को विकसित करने पर वहां पर्यटक आएंगे और अपने साथ रोजगार के नए अवसर भी लाएंगे। स्टैच्यू ऑफ यूनिटी अब कितना बड़ा टूरिस्ट अट्रेक्शन बन रही है।
ठ्ठअगर गिरनार रोपवे कानूनी उलझनों में नहीं फंसा होता, तो लोगों को इसका लाभ बहुत पहले ही मिलने लग गया जाता। हमें सोचना होगा कि जब लोगों को इतनी बड़ी सुविधा पहुंचाने वाली व्यवस्थाओं का निर्माण, इतने लंबे समय तक अटका रहेगा, तो लोगों का कितना नुकसान होता है।
ठ्ठइस नई सुविधा के बाद यहां ज्यादा से ज्यादा श्रद्धालु आएंगे, ज्यादा पर्यटक आएंगे। आज जिस रोपवे की शुरुआत हुई है, वो गुजरात का चौथा रोपवे है। बनासकांठा में अंबाजी के दर्शन के लिए, पावागढ़ में, सतपुड़ा में तीन और रोपवे पहले से काम कर रहे हैं।
ठ्ठआयुष्मान भारत योजना के तहत गुजरात के 21 लाख लोगों को मुफ्त इलाज मिला है। सस्ती दवाइयां देने वाले सवा 5 सौ से ज्यादा जनऔषधि केंद्र गुजरात में खुल चुके हैं। इसमें से लगभग 100 करोड़ रुपए की बचत गुजरात के सामान्य मरीजों को भी हुई है।