संत कौन?
   Date13-Oct-2020

prernadeep_1  H
प्रेरणादीप
ए क बार एक नगर में एक महात्मा आए। वे रोज सायंकाल भागवत कथा कहते, जिसे सुनने अनेकों लोग आते। भागवत में संतों का प्रसंग आया तो एक भक्त ने प्रश्न किया-'महाराज! संत किसे कहते हैं?Ó इससे पहले महात्माजी कोई जवाब देते, गाँव के पंडित ने खड़े होकर कहा-'अरे यह कैसा प्रश्न है? जब मिला तो खा लिया, न मिला तो भगवान का भजन किया। उन्हें संत कहते हैं।Ó क्यों महाराज सही कहा न मैंने। पुजारी की बात सुनकर महात्मा मुस्कराए और बोले-'आपके कहे में थोड़ा और जोडऩा चाहूँगा। संत उसे कहते हैं, जिसे मिले तो उसे सबके साथ बाँटकर खाए और न मिले तो न ईश्वर में स्वयं की आस्था कम होने दे और न दूसरों की।Ó वस्तुत: अपने को मिली संपदा और साधनों का प्रेमपूर्वक सबके हित में उपयोग करने वाले ही संत कहलाते हैं।