चमोली में बादल फटने, भूस्खलन में मलबे में दबने से छह लोगों की मौत
   Date13-Aug-2019

देहरादून द्य 12 अगस्त (वा)
उत्तराखंड के चमोली जिले के घाट ब्लॉक में सोमवार सुबह बादल फटने और तीन गांव में भूस्खलन के मलबे में दबने से छह लोगों की मौत हो गई।
सूत्रों के अनुसार पहला हादसा आज तड़के पांच बजे घाट ब्लॅाक के बांजबगढ़ गांव में हुआ। इस हादसे में अब्बल सिंह का मकान भूस्खलन के मलबे में दब गया। घर के अंदर सो रही अब्बल सिंह की पत्नी रूपा देवी (35) और बेटी चंदा (नौ माह) की दबकर मौत हो गई। वहीं, दूसरी घटना घाट ब्लॉक के आली गांव में हुई। यहां बादल फटने से हुए भूस्खलन से नेनू राम का मकान भूस्खलन के मलबे में दब गया। इसमें नेनू राम की बेटी नौरती (21) की दबकर मौत हो गई। तीसरी घटना घाट ब्लॉक के लांखी गांव में हुई। यहां सुबह 8.45 बजे बादल फटने से गांव के शंकरलाल का मकान भूस्खलन की चपेट में आ गया। भूस्खलन के मलबे में दबकर अजय (23) पुत्र सुरेंद्र लाल, अंजली (8 वर्ष) पुत्री शंकर लाल और आरती (07) पुत्री शंकर लाल की मौत हो गई। सभी मृतकों के शव मलबे से निकाल लिए गए हैं। उधर, चुफला गदेरा (बरसाती नाला) के उफान पर होने से दो मकान एवं तीन दुकानें बह गई हैं। मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने चमोली के घाट में मूसलधार बारिश से हुई जनहानि पर शोक जताते हुए मृतकों के परिवारजनों के प्रति संवेदना व्यक्त की है।
मुख्यमंत्री ने जिलाधिकारी चमोली को राहत एवं बचाव कार्य तेजी लाने और आपदा से प्रभावितों को अनुमन्य आर्थिक सहायता के साथ अन्य राहत तुरंत उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए।
चमोली प्रशासन से घटना की जानकारी मिलते ही राज्य आपदा मोचन बल (एसडीआरएफ), राजस्व एवं आपदा की टीमें राहत एवं बचाव कार्य में जुट गईं। प्रभावित क्षेत्र में राहत सामग्री पहुंचाई गई है।