गांव, गरीब और किसान पर सरकार का ध्यान
   Date05-Jul-2019

नई दिल्ली 5 जुलाई (ए) वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने मोदी सरकार-दो के पहले बजट में ही अपनी सरकार का एजेंडा पेश किया। उन्होंने बजट भाषण में कहा कि सरकार के प्रत्येक कार्य एवं योजना के केंद्र में गांव, गरीब और किसान हैं। वित्त मंत्री ने दावा करते हुए कहा कि 2022 तक प्रत्येक ग्रामीण परिवार में बिजली का कनेक्शन और स्वच्छ ईंधन आधारित रसोई सुविधा होगी। हर व्यक्ति के पास अपना घर होगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत 2019-20 से 2021-22 तक पात्रता रखने वाले लाभार्थियों को 1.95 करोड़ मकान मुहैया कराए जाएंगे। इनमें रसोई गैस, बिजली एवं शौचालयों जैसी सुविधा होगी।
न्यू इंडिया को और रफ्तार मिलेगी -
निर्मला सीतारमण ने कहा कि एनडीए ने अपने पहले कार्यकाल में न्यू इंडिया के लिए काम शुरू कर दिया था। अब इन कार्यों की रफ्तार बढ़ाई जाएगी और आगे चलकर लालफीताशाही को और कम किया जाएगा। उन्होंने सत्ता में भाजपा की वापसी को उज्जवल और स्थिर नए भारत की उम्मीद बताते हुए शेर पढ़ा- उम्मीद हो तो कोई रास्ता निकलता है, हवा की ओट लेकर भी चिराग जलता है।
ग्रामीण-शहरी क्षेत्र के बीच अंतर कम हो रहा -
वित्त मंत्री ने कहा कि भारतमाला, सागरमाला और उड़ान जैसी योजनाएं ग्रामीण-शहरी क्षेत्र के बीच के अंतर को पाटने का काम कर रही हैं और परिवहन बुनियादी ढांचे में सुधार कर रही हैं। उन्होंने कहा कि भारतमाला परियोजना से राज्यों को रोडवेज विकसित करने में मदद मिलेगी। वित्त मंत्री ने यह भी कहा कि सरकार सूक्ष्म, लघु एवं मझोले उद्यमों (एमएसएमई) के लिए बिलों का भुगतान करने के लिए भुगतान मंच का निर्माण करेगी।
किसानों की आय दोगुनी करने का लक्ष्य पूरा होगा -
सीतारमण ने कहा- 10 हजार नए किसान उत्पादक संगठनों का अगले 5 साल में निर्माण किया जाएगा। जीरो बजट खेती पर जोर दिया जाएगा। खेती के बुनियादी तरीकों पर लौटना इसका उद्देश्य है। इसी से किसानों की आय दोगुनी करने का लक्ष्य पूरा होगा। खाद्यानों, दलहनों, तिलहनों, फलों और सब्जियों की स्व-पर्याप्तता और निर्यात पर विशेष रूप से जोर दिया गया है।
जलसंकट खत्म होगा -
वित्त मंत्री ने कहा है कि जलसंकट से निपटने के लिए गठित जल शक्ति मंत्रालय के तहत, प्रत्येक घर को 2024 तक स्वच्छ और पर्याप्त जल उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस मकसद से सरकार ने जल से जुड़े सभी मंत्रालयों को जोड़कर जल शक्ति मंत्रालय बनाया है। यह मंत्रालय राज्य सरकारों के साथ मिलकर हर घर को जल उपलब्ध कराने के मिशन के साथ काम करेगा।
-10 हजार नए कृषि उत्पादक संगठन बनाने की उम्मीद
-गांवों को बाजार से जोडऩे वाली सड़कों को अपग्रेड किया जाएगा। इसके लिए प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना का तीसरा फेज शुरू होगा।
-अन्नदाता को ऊर्जादाता बनाने के लिए कई योजनाएं चलाएंगे
-कृषि से संबधित ग्रामीण उद्योग में 75 हजार नए उद्यमी तैयार करने की योजना
-इलेक्ट्रानिक जरूरतों को पूरा करने के कोष के लिए एक स्टॉक एक्सचेंज की स्थापना की जाएगी
-97 प्रतिशत गांवों को बारह-मासी सड़क से जोड़ा गया, शेष गांवों को इसी साल जोडऩे का लक्ष्य
-महात्मा गांधी की 150वीं जयंती पर अंत्योदय हमारा लक्ष्य
-प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना के तहत 1.5 करोड़ मकान बने, 2019-20 से 2021-22 के बीच 1.95 करोड़ मकान बनाने का लक्ष्य
-2022 तक हर ग्रामीण को गैस और बिजली का कनेक्शन
-बुनियादी ढांचे को प्रोत्साहन देने के लिए क्रेडिट गारंटी एन्हांसमेंट कार्पोरेशन की स्थापना की जाएगी
-देश में हर साल ग्लोबल इन्वेस्टमेंट मीट आयोजित करने का प्रस्ताव
-जीएसटी पंजीकृत अति लघु, लघु और मध्यम उद्यमों को ब्याज में दो प्रतिशत की छूट के लिए 350 करोड़ रुपए का आवंटन
-मकान किराये पर देने-लेने से संबंधित कानूनों में सुधार होगा
-मीडिया, विमानन और बीमा क्षेत्र में एफडीआई बढ़ाने का प्रस्ताव
-स्वस्थ समाज की परिकल्पना के तहत आयुष्मान भारत, सुपोषित महिलाएं और बच्चे और नागरिकों की सुरक्षा को अहम स्थान दिया गया
-समाजसेवी संस्थान सेबी में पंजीकरण कराकर इक्विटी, डेट और म्युचुअल फंड के जरिए पैसे जुटा सकेंगे, इनके लिए बनेगा सोशाल स्टॉक एक्सचेंज
-रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए वर्ष 2018 से 20300 के दौरान 50 लाख करोड़ रुपए निवेश करने की जरूरत
-गैस और जल का राष्ट्रीय ग्रिड तैयार करेंगे
-एक करोड़ रुपए तक का ऋण छोटे उद्योगों को दिया जा रहा है