बुरहानपुर में तेज आंधी से पेड़़ गिरे
   Date04-Jul-2019

बुरहानपुर/भोपाल द्य 3 जुलाई
दक्षिण पश्चिम मानसून के मध्यप्रदेश में मेहरबान होने के चलते पिछले चौबीस घंटों के दौरान आने स्थानों पर झमाझम बारिश देखने को मिली है। इसका सबसे ज्यादा प्रभाव जबलपुर में देखा गया, जहां मूसलधार बारिश के चलते निचली बस्तियों में पानी भर गया। उधर बुरहानपुर में मंगलवार-बुधवार की दरमियानी रात जिलेभर में तेज बारिश हुई। जिसके कारण जनजीवन प्रभावित हुआ। मंगलवार रात करीब 11 बजे तेज आंधी के साथ बारिश से निंबोला थाना क्षेत्र के इंदौर-इच्छापुर स्टेट हाईवे पर जगह-जगह कई पेड़ गिर गए। जिसके कारण करीब 10 घंटे हाईवे पर जाम लगा रहा। सुबह करीब 7 बजे जाम खुला।
बुरहानपुर में रातभर भारी वाहन यहां फंसे रहे। तेज आंधी के कारण ग्राम निंबोला से झिरी के बीच करीब दर्जनभर से अधिक पेड़ गिर गए। इस कारण बुरहानपुर का खंडवा, खरगोन, बड़वानी, इंदौर आदि शहरों से संपर्क टूट गया। इसके अलावा महाराष्ट्र की ओर से आने-जाने वाले वाहन भी हाईवे पर ही फंस गए। पूर्व कैबिनेट मंत्री अर्चना चिटनीस ने बुधवार को बुरहानपुर में गत दिवस आंधी-तूफान से फसलों को हुए नुकसान का किसानों के साथ खेतों में जाकर प्रभावित फसलों का जायजा लिया। मौसम विज्ञान केन्द्र भोपाल के वरिष्ठ वैज्ञानिक एसके डे ने बताया कि जबलपुर के पास एक कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है, जिसके चलते जबलपुर और उसके आसपास के क्षेत्रों में झमाझम बारिश हुई। इस दौरान जबलपुर में 180 मिमी वर्षा रिकार्ड हुई।
जबर्दस्त बारिश के चलते यहां सड़कों तथा निचली बस्तियों में जल भराव की स्थित निर्मित हो गई, हालांकि सुबह से यहां बारिश का क्रम थम गया है। जबलपुर के अलावा खंडवा में 110 मिमी, हटा, तेंदूखेड़ा तथा पाटन में 90 मिमी, बकसवाहा में 80 मिमी, सिलवानी, बेगमगंज, टेहली, छतरपुर, कटनी, दमोह और उदयपुरा में 70 मिमी वर्षा रिकार्ड की गई है। वहीं, राजधानी भोपाल में भी कल शाम से रिमझिम बरसात का सिलसिला आज दोपहर तक जारी रहा। इसके अलावा सीहोर, रायसेन, छतरपुर, सागर सहित अन्य कई स्थानों पर बारिश हुई है।
विभाग के अनुसार आज दक्षिण पश्चिम मानसून नीमच, शिवपुरी, भिंड एवं ग्वालियर जिले के कुछ हिस्से, श्योपुरकलां तथा मुरैना को छोड़कर सम्पूर्ण प्रदेश में प्रवेश कर गया है। मानसून गुना, निवाड़ी, अशोकनगर, आगर मालवा एवं राजगढ़ जि़लों के शेष हिस्से में आगे बढ़ा है।