संविधान की रक्षा के लिए शेर की तरह लडऩा होगा, कांग्रेस को - राहुल
   Date02-Jun-2019
नई दिल्ली ठ्ठ 1 जून (वा)
कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने पार्टी सांसदों से संविधान और संवैधानिक संस्थाओं की रक्षा के लिए शेर की तरह लडऩे का आह्वान करते हुए शनिवार को कहा कि संसद में भारतीय जनता पार्टी के साथ कोई नरमी नहीं बरती जाएगी।
श्री गांधी ने यहां संसद भवन परिसर मे कांग्रेस संसदीय दल की बैठक में नवनिर्वाचित सांसदों को संबोधित करते हुए कहा कि सांसदों को प्रत्येक भारतीय के हितों के लिए संघर्ष करना होगा। उन्होंने कहा- संविधान की रक्षा के लिए आपको और अधिक आक्रामक बनना होगा। आपका सामना घृणा, कायरता और गुस्से से है, लेकिन आपको को प्रत्येक भारतीय के लिए संघर्ष करना होगा। संबोधन के बाद श्री गांधी ने ट्वीट पर कहा- लोकसभा में कांग्रेस के केवल 52 सांसद हो सकते हैं, लेकिन हम संविधान और संवैधानिक संस्थाओं की रक्षा के लिए एक साथ शेर की तरह लड़ेंगे और संसद में प्रमुख विपक्षी पार्टी के तौर पर अपने कर्तव्य का पालन निर्भीकता से करेगी। भारतीय जनता पार्टी के लिए बचने का कोई मौका नहीं होगा। सांसदों को संबोधित करते हुए कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि पार्टी के प्रत्येक सदस्य को यह याद रखना चाहिए कि प्रत्येक सदस्य संविधान के लिए और रंग एवं धर्म के भेदभाव के बिना प्रत्येक भारतीय के लिए संघर्ष कर रहा है।
संसद के केंद्रीय कक्ष में हुई कांग्रेस संसदीय दल की बैठक में श्रीमती सोनिया गांधी को पुन: पार्टी संसदीय दल का नेता चुना गया।श्रीमती गांधी ने लोकसभा चुनाव में कड़ी मेहनत करने के लिए कांग्रेस अध्यक्ष की सरहाना की और कहा कि वह मोदी सरकार से सीधे और निर्भीक होकर टकराए। उन्होंने कहा कि पार्टी अध्यक्ष के रूप में श्री गांधी ने कांग्रेस के लिए दिन - रात एक कर दिये। श्रीमती गांधी ने कहा, " उन्होंने कई राज्यों में कांग्रेस को पुनर्जीवित कर दिया। हाल में पार्टी ने छत्तीसगढ़, राजस्थान और मध्यप्रदेश में जीत हासिल की। कांग्रेस अध्यक्ष के तौर पर उन्होंने देशभर में प्रत्येक कामगार और करोड़ों मतदाताओं सम्मान एवं स्नेह प्राप्त किया है।"
गौरतलब है कि श्री गांधी ने लोकसभा चुनावों में पार्टी के लचर प्रदर्शन की जिम्मदारी स्वीकार करते हुए अध्यक्ष पद से इस्तीफे की पेशकश की है। चुनावों के बाद कांग्रेस संसदीय दल की यह पहली बैठक थी। चुनावों में भारतीय जनता पार्टी को 303 सीटें मिली है जबकि कांग्रेस 52 सीटों पर सिमट गयी है।